Safarnama

‘सफरनामा’ जान्हवी भट द्वारा रचित हिंदी कविताओं और उर्दू शायरी का एक अनूठा संग्रह है। इनमें से कई कविताओं की रचना विविध काव्य सम्मेलनों की पार्श्वभूमी पर की गयी थी। वहीं दूसरी ओर उर्दू शायरी का निर्माण महज़ उर्दू अल्फाज़ सीखने की मंशा से हुआ था। सोशल मीडिया के उपयोग द्वारा ऐसे अनगिनत प्रयोगों को अतुलनीय प्रोत्साहन मिलता रहा। और यह रचनाएँ काफी समय तक डायरी के पन्नों में दबी रही। इनको प्रकाशित करने की प्रेरणा जान्हवी भट को डॉ. शैलेंद्र गायकवाड से मिली जिन्होंने उनकी अनेक कविताओं को खूब सराहा। इस संग्रह में बखान है एक सफर का जो प्रेम, विरह, इंतज़ार, अपेक्षा एवं ज्ञान से भरपूर है। नवरसों का उपयोग काफी मात्रा में किया गया है। कविताओं में मार्मिकता है जो आजकल कम पढ़ने मिलती है। इनकी कविताएँ विविध दृष्टिकोणों को दर्शाती हैं। प्रकृति और उसके अनेक हिस्सों का भी प्रयोग इनमें किया गया है। अंग्रेज़ी कविता संग्रह के पशच्यात हिंदी काव्य जगत में ‘सफरनामा’ जान्हवी का प्रथम पद है।